प्रश्न – सोनप्रयाग से केदारनाथ तक रोपवे परियोजना के संबंध में निम्न कथनों पर विचार कीजिए-
1. 5 मार्च, 2025 को आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (CCEA) द्वारा “पर्वतमाला परियोजना” के तहत उत्तराखंड में सोनप्रयाग से केदारनाथ तक 12.9 किमी लंबे रोपवे परियोजना के निर्माण को मंजूरी प्रदान की गई।
2. इस परियोजना की अनुमानित लागत 4,081.28 करोड़ रुपये होगी।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
(a) केवल (i) (b) केवल (ii)
(c) (i) एवं (ii) दोनों (d) इनमें से कोई नहीं
उत्तर – (c)
व्याख्यात्मक उत्तर
5 मार्च, 2025 को आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (CCEA) द्वारा “पर्वतमाला परियोजना” के तहत उत्तराखंड में सोनप्रयाग से केदारनाथ तक 12.9 किमी लंबे रोपवे परियोजना के निर्माण को मंजूरी प्रदान की गई।
- यह परियोजना डिजाइन, बिल्ड, फाइनेंस, ऑपरेट और ट्रांसफर (DBFOT) मॉडल के तहत विकसित की जाएगी।
- इस परियोजना की अनुमानित लागत 4,081.28 करोड़ रुपये होगी।
- इसे सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत विकसित किया जाएगा।
- तीन-केबल डिटैचेबल गोंडोला (3S) तकनीक पर आधारित होगा।
- प्रति घंटे प्रति दिशा 1,800 यात्री (PPHPD) और प्रतिदिन 18,000 यात्रियों की क्षमता होगी।
- सोनप्रयाग से केदारनाथ तक का सफर 8-9 घंटे से घटकर केवल 36 मिनट में पूरा होगा।
- कठिन 16 किमी की चढ़ाई (गौरीकुंड से केदारनाथ) अब सुगम और सुविधाजनक होगी।
- निर्माण और संचालन के दौरान स्थानीय स्तर पर पर्यटन, आतिथ्य, यात्रा, खाद्य एवं पेय (F&B) उद्योग में नए अवसर सृजित होंगे।
- केदारनाथ मंदिर के बारे में –
० केदारनाथ भारत के 12 पवित्र ज्योतिर्लिंगों में से एक है।
० समुद्र तल से 3,583 मीटर (11,968 फीट) की ऊंचाई पर स्थित है।
० मंदिर अक्षय तृतीया (अप्रैल-मई) से दिवाली (अक्टूबर-नवंबर) तक 6-7 महीने के लिए खुला रहता है।
० वार्षिक रूप से लगभग 20 लाख श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं।
लेखक- विजय प्रताप सिंह
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