प्रश्न – निम्नलिखित में से ‘अवध महाशक्ति’ मालगाड़ी के संबंध में कौन-सा तथ्य सही नहीं है?
(a) इसका संचालन गोंडा जंक्शन से सीतापुर के रास्ते मुरादाबाद मंडल के लिए किया गया।
(b) इसमें तीन मालगाड़ियों के कुल 129 वैगन और तीन इंजन लगाए गए।
(c) इसका गठन पूर्वोत्तर रेलवे के गोरखपुर आरओएच डिपो में किया गया।
(d) इसे गोंडा जंक्शन से दोपहर 1:50 बजे रवाना किया गया।
उत्तर – (c)
व्याख्यात्मक उत्तर
- 20 अगस्त, 2026 को पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल ने अपनी पहली संयुक्त मालगाड़ी ‘अवध महाशक्ति’ का सफलतापूर्वक संचालन किया।
- इसे गोंडा जंक्शन से सीतापुर के रास्ते मुरादाबाद मंडल के लिए रवाना किया गया।
- यह तीन मालगाड़ियों को जोड़कर तैयार की गई लंबी मालगाड़ी है।
- इसमें कुल 129 माल वैगन और तीन इंजन लगाए गए।
- इसका गठन पूर्वोत्तर रेलवे के गोंडा आरओएच डिपो में किया गया।
- वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक (समन्वय) डॉ. शिल्पी कन्नौजिया के नेतृत्व में यह मालगाड़ी गोंडा जंक्शन से दोपहर 1:50 बजे रवाना हुई।
- इसका संचालन लखनऊ मंडल के मंडल रेल प्रबंधक गौरव अग्रवाल के मार्गदर्शन में किया गया।
- 129 वैगनों को एक साथ चलाने से एक ही यात्रा में अधिक माल का परिवहन संभव होगा।
- तीन मालगाड़ियों के संयुक्त संचालन से अलग-अलग ट्रेन-पथ और चालक दल की आवश्यकता कम होगी।
- इससे परिचालन समय, ईंधन तथा रेलमार्ग क्षमता का बेहतर उपयोग होने के साथ माल ढुलाई क्षमता एवं राजस्व बढ़ने की संभावना है।
- संयुक्त संचालन से रेलमार्ग पर अन्य यात्री और मालगाड़ियों के लिए अतिरिक्त स्थान भी उपलब्ध होगा।
- इस पहल का उद्देश्य ग्राहकों को अधिक तेज, किफायती और दक्ष माल परिवहन सेवा उपलब्ध कराना है।
लेखक- विजय प्रताप सिंह
संबंधित लिंक भी देखें…