प्रश्न – आईओएस सागर मिशन के संदर्भ में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- इसमें 16 मित्र विदेशी देशों की समुद्री सेनाओं की भागीदारी है।
- इसका हार्बर चरण मार्च 2026 में सम्पन्न हुआ।
- समुद्री चरण अरब सागर में संचालित होगा।
कौन से कथन सही हैं?
(a) केवल 1 और 2 (b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3 (d) 1, 2 और 3
उत्तर – (a)
व्याख्यात्मक उत्तर
- 2 अप्रैल, 2026 को भारतीय नौसेना के अपतटीय गश्ती पोत आईएनएस सुनयना ने मुंबई से हिंद महासागर पोत (आईओएस सागर) के रूप में प्रस्थान किया।
- इस पोत पर भारत सहित मित्र विदेशी देशों (FFCs) की 16 समुद्री सेनाओं के नौसैनिक कर्मी सवार हैं।
- इस अभियान को रक्षा राज्य मंत्री श्री संजय सेठ ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
- इस अवसर पर नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के. त्रिपाठी भी उपस्थित रहे।
- यह मिशन 16 मार्च से 29 मार्च, 2026 तक अपने हार्बर चरण को पूरा कर चुका है, जिसके दौरान सहभागी कर्मियों के बीच पेशेवर आदान-प्रदान, प्रशिक्षण और समन्वय हुआ।
- अब यह 2 अप्रैल से 20 मई, 2026 तक समुद्री चरण में दक्षिण-पूर्वी हिंद महासागर क्षेत्र में परिचालन तैनाती से गुजरेगा।
- इस दौरान, आईओएस सागर कोलंबो (श्रीलंका), फुकेत (थाईलैंड), जकार्ता (इंडोनेशिया), सिंगापुर, चटगांव (बांग्लादेश), यांगून (म्यांमार), माले और मालदीव में रुकेगा और भारत के कोच्चि में अपनी तैनाती समाप्त करेगा।
- जहाज पर सवार कर्मियों को सीमैनशिप, नेविगेशन, संचार प्रक्रियाएँ, समुद्री सुरक्षा, अग्निशमन, क्षति नियंत्रण, वीबीएसएस संचालन तथा उन्नत ब्रिजमैनशिप का प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे जटिल समुद्री परिस्थितियों में उनकी परिचालन तत्परता और निर्णय क्षमता को मजबूत किया जा सके।
लेखक- विजय प्रताप सिंह
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https://www.pib.gov.in/PressReleasePage.aspx?PRID=2248586®=3&lang=2
