बंजरभूमि एटलस-2019

प्रश्न-5 नवंबर, 2019 को केंद्रीय ग्रामीण विकास, कृषि और कल्याण एवं पंचायती राज मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने ‘बंजरभूमि एटलस-2019’ का पांचवां संस्करण जारी किया। इससे संबंधित निम्न कथनों पर विचार कीजिए-
(i) यह एटलस भू-संसाधन विभाग द्वारा राष्ट्रीय सुदूर संवेदन केंद्र (NRSC), अंतरिक्ष विभाग के सहयोग से जारी किया जाता है।
(ii) इसके अनुसार, वर्ष 2008-09 से वर्ष 2015-16 के दौरान 2.5 मिलियन हेक्टेयर बंजर भूमि को गैर-बंजर भूमि की श्रेणियों में परिवर्तित किया गया।
(iii) राजस्थान राज्य में बंजर भूमि में सर्वाधिक सकारात्मक बदलाव आया है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से कथन सही है?
(a) केवल (i) एवं (iii)
(b) केवल (iii)
(c) केवल (i) एवं (ii)
(d) केवल (ii) एवं (iii)ह
उत्तर-(a)
संबंधित तथ्य

  • 5 नवंबर, 2019 को केंद्रीय ग्रामीण विकास कृषि और किसान कल्याण एवं पंचायती राज मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने बंजरभूमि एटलस’ (Wastelands Atlas)-2019 का पांचवां संस्करण जारी किया।
  • यह एटलस भू-संसाधन विभाग द्वारा राष्ट्रीय सुदूर संवेदन केंद्र (NRSC) अंतरिक्ष विभाग के सहयोग से जारी किया जाता है।
  • अब तक बंजरभूमि एटलस के वर्ष 2000, 2005, 2010 तथा वर्ष 2011 संस्करणों का प्रकाशन किया जा चुका है।
  • यह एटलस जम्मू और कश्मीर के अब तक सर्वेक्षण नहीं किए गए 12.08 मिलियन हेक्टेयर क्षेत्र के मानचित्रण सहित बंजर भूमि की विभिन्न श्रेणियों के जिले और राज्यवार विभाजन प्रदान करती है।
  • इसमें वर्ष 2008-09 और वर्ष 2015-16 के मध्य बंजर भूमि में आए परिवर्तन को प्रस्तुत किया गया है।
  • इसके अनुसार वर्ष 2008-09 में बंजर भूमि 56.60 मिलियन हेक्टेयर (देश का 17.21% भौगोलिक क्षेत्र) से कम होकर वर्ष 2015-16 में 55.76 मिलियन हेक्टेयर (देश का 16.96% भौगोलिक क्षेत्र अर्थात 328.72 मिलियन हेक्टेयर) हो गया।
  • इस अवधि के दौरान 1.45 मिलियन हेक्टेयर बंजर भूमि को गैर बंजर भूमि की श्रेणियों में परिवर्तित किया गया।
  • देश में वर्ष 2008-09 से वर्ष 2015-16 के दौरान विभिन्न बंजर भूमि श्रेणियों का शुद्ध रूपांतरण 0.84 मिलियन हेक्टेयर (0.26%) रहा।
  • बंजर भूमि में कमी घनी झाड़ियों, जलभराव और दलदली भूमि, रेतीले क्षेत्रों अवकर्षित चरागाहों/चरागाह भूमि और या बंजर भूमि की श्रेणियों में देखी गई।
  • राजस्थान (0.48 मिलियन हेक्टेयर) राज्य में बंजर भूमि में सर्वाधिक सकारात्मक बदलाव आया है।
  • उत्तर प्रदेश में 0.10 मिलियन हेक्टेयर भूमि को रूपांतरित किया गया।
  • अधिकतर बंजर भूमि को ‘फसल’ (0.64 मिलियन हेक्टेयर), ‘वन-घना/खुला’ (0.028 मिलियन हेक्टेयर) ‘वृक्षारोपण’ (0.057 मिलियन हेक्टेयर) और औद्योगिक क्षेत्र (0.035 मिलियन हेक्टेयर) आदि में बदल दिया गया।

लेखक-विवेक कुमार त्रिपाठी

लेखक-विजय प्रताप सिंह
https://pib.gov.in/PressReleseDetail.aspx?PRID=1590395

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